सिडकुल में नकली शैंपू फैक्ट्री का भंडाफोड़, 15 लाख का माल जब्त

सिडकुल में नकली शैंपू फैक्ट्री का भंडाफोड़, 15 लाख का माल जब्त

हरिद्वार। हरिद्वार पुलिस ने सिडकुल क्षेत्र में चल रही नकली शैंपू फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर बड़ा खुलासा किया है। थाना सिडकुल पुलिस ने छापेमारी कर करीब 15 लाख रुपये कीमत का नकली शैंपू बरामद किया है। मौके से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। यह पूरी कार्रवाई मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर अवैध फैक्ट्रियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई।

सूचना पर दबिश

पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि डैन्सो चौक स्थित गंगोत्री एनक्लेव फेस-3 में एक मकान में बड़ी मात्रा में नकली शैंपू बनाया जा रहा है। सूचना को पुख्ता मानते हुए थाना सिडकुल पुलिस ने मौके पर दबिश दी। जैसे ही पुलिस टीम वहां पहुंची, एक आरोपी छत से कूदकर फरार हो गया। वहीं, अंदर मौजूद हसीन, मोहसिन और शहबान को पुलिस ने मौके पर ही पकड़ लिया।

ब्रांडेड कंपनी के नाम पर गोरखधंधा

जांच के दौरान पुलिस को मकान के अंदर एक पूरी यूनिट मिली, जहां हिंदुस्तान यूनिलीवर लिमिटेड के मशहूर ब्रांड क्लिनिक प्लस और सनसिल्क के नकली शैंपू बनाए जा रहे थे। आरोपी असली कंपनी के नाम और लेबल का इस्तेमाल करके नकली उत्पाद तैयार कर बाजार में बेच रहे थे।

पुलिस ने मौके से 32 पेटियां नकली शैंपू, करीब 1350 लीटर कच्चा माल, शैंपू फिलिंग मशीन, 800 खाली बोतलें और हजारों फर्जी लेबल बरामद किए। यह सारा माल देखकर साफ हो गया कि आरोपी लंबे समय से इस धंधे में लिप्त थे और बड़े पैमाने पर नकली शैंपू बाजार में उतार रहे थे।

लाइसेंस और कागज नहीं मिले

पकड़े गए आरोपियों से जब लाइसेंस और उत्पादन से जुड़े दस्तावेज मांगे गए तो वे कोई भी कागज पेश नहीं कर सके। पुलिस और ड्रग इंस्पेक्टर की पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उनके पास कोई लाइसेंस नहीं है और वे पूरी तरह गैरकानूनी तरीके से यह काम कर रहे थे। उनका मकसद सिर्फ ब्रांड का नाम इस्तेमाल करके मोटा मुनाफा कमाना था।

गिरफ्तार आरोपी

पुलिस ने जिन तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनके नाम इस प्रकार हैं—

  1. हसीन अहमद पुत्र शकील अहमद, निवासी पठान चौक, लंढौरा मंगलौर
  2. शहबान पुत्र बशीर, निवासी माता वाला मोहल्ला, लंढौरा मंगलौर
  3. मोहसिन पुत्र ईखलाक, निवासी माता वाला मोहल्ला, लंढौरा मंगलौर

वहीं, एक अन्य आरोपी मौके से भागने में सफल रहा। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

मुकदमा दर्ज

थाना सिडकुल पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ धारा 316/318/61(2) व 63/65 कॉपीराइट एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा और इस पूरे नेटवर्क की तह तक पहुंचकर कार्रवाई की जाएगी।

सरकार की सख्ती

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हाल ही में प्रदेशभर के अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि अवैध फैक्ट्रियों और नकली उत्पाद बनाने वाले माफियाओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। इसी अभियान के तहत यह बड़ी सफलता हाथ लगी है।

उपभोक्ताओं के लिए खतरा

नकली शैंपू और कॉस्मेटिक प्रोडक्ट न केवल उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होते हैं, बल्कि ब्रांड कंपनियों की साख को भी नुकसान पहुंचाते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के नकली उत्पादों में अक्सर घटिया क्वालिटी का कच्चा माल इस्तेमाल किया जाता है, जिससे त्वचा और बालों को नुकसान पहुंच सकता है।

पुलिस की चुनौती

हरिद्वार जैसे औद्योगिक क्षेत्र में नकली उत्पाद बनाने वाले गिरोह लगातार सक्रिय रहते हैं। पुलिस और प्रशासन के लिए यह बड़ी चुनौती है कि ऐसे नेटवर्क का समय-समय पर भंडाफोड़ किया जाए। इस मामले ने फिर साबित कर दिया है कि अवैध तरीके से चल रही फैक्ट्रियों पर नकेल कसने के लिए लगातार सख्त कार्रवाई की जरूरत है।


सिडकुल पुलिस की यह कार्रवाई नकली सामान बनाने वाले माफियाओं के खिलाफ बड़ा झटका है। अब देखना होगा कि फरार आरोपी कब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर रहता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *